200+ ईगो शायरी | Best Ego Shayari In Hindi

Hello friends in this post we are going to share the best ego shayari in hindi that you can share with your boyfriend, girlfriend or with any boy or girl.

These are very powerful ego shayari that will really say that ego is not the good thing to have and if someone hurts your ego then you feel very sad.

So friends please read all these shayari and we are 100% sure that you are going to love it. So friends let’s get started.

Best Ego Shayari In Hindi

ईगो शायरी

ego shayari in hindi

1
सब हमारी कामयाबी से जलते हैं
सब हमसे दूर जाते हैं
पर हम किसी की नहीं सुनते
हम अपनी ही धुन में मस्त रहते हैं
और किसी के सामने अपनी दुम नहीं हिलाते

2
लोग हमसे जलते रहते हैं तो जलने दे
हमें किसी भी तरह से फर्क नहीं पड़ता
हम अपनी जिंदगी में मस्त रहते हैं
हमें किसी के रोने से फर्क नहीं पड़ता

3
कौन कैसा रहता है मुझे किसी से कोई मतलब नहीं है
जिसने मेरा साथ नही दिया मुझे उससे कोई वास्ता नहीं है जिसे जाना हो जा सकता है मेरी जिंदगी से
मुझे मेरी जिंदगी में किसी की फिजूल अकड़ बर्दाश्त नहीं है

4
मैं किसी की अकड़ बर्दाश्त नहीं करता
मैं ज्यादा किसी से प्यार नहीं करता
जिस ने दी है मुझे इज्जत मै उसी को इज्जत देता हूं
मैं फालतू लोगों से कभी बात नहीं करता

5
फालतू लोगों से मैं बात करना नहीं जानता
मैं किसी को अपना ज्यादा कुछ बताना नहीं जानता
मैं अपने ही हिसाब से जीता हूं अपनी जिंदगी
मै पैरों के तलवे चाटना नहीं जानता

6
अपनी जिंदगी अपने हिसाब से जीना ही मेरा मकसद है
मैं किसी के साथ कभी बुरा नहीं करता
मैं अच्छे के साथ अच्छा रहता हूं
और बुरे के साथ में अच्छा भी नहीं करता

7
ना किसी बात से डरते हैं ना किसी का बुरा करते है
हम तो महादेव के भक्त हैं सबका भला करते हैं
जिसने हमें चाहा उसका भी भला हो
और जिसने हमें नहीं चाहा उसका भी भला हो
पर जिसने अपनी औकात दिखाई
हम फिर उसे उसकी औकात दिखा देते हैं

8
अपनी औकात में रहना भूल कर भी हम से पंगा मत लेना
तुम नहीं जानते हम कौन हैं
अपने बाप से कभी भी जुबान मत चलाना

9
जो आज हमें चला रहे हैं उनको खुद पता नहीं है
किस की औलाद है वह
अपने बाप को ही अपनी अकड़ दिखा रहे हैं

10
अपनी अकड़ अपने पास रखना
मुझे तुम तुम्हारे जैसे लोगों की अकड़ से कोई फर्क नहीं पड़ता मैं अपनी जिंदगी में मस्त रहता हूं
मुझे तुम जैसे कुत्तों की भौंकने से कोई फर्क नहीं पड़ता

11
कुत्ते बहुत भौंकते है पर हाथी गुजर जाता है
और तुम जैसे लोगों से जुबान नहीं लड़ाता
जिनके खुद के बाप का नाम पता नहीं होता है

12
अपनी जिंदगी सब लोग अपने हिसाब से जीते हैं
कौन किसी को खाने नहीं देता
जो लोग अकड़ दिखाते हैं ज्यादा मैं उनसे बात नहीं करता क्योंकि मैं ज्यादा गिरे हुए लोगों से मुलाकात नहीं करता

13
जो मुझे एक बार ना कर देता है
फिर मैं कभी उससे मदद नहीं मांगता
जिसने कभी मेरी मौके पर मदद नहीं की
फिर मैं उसे कभी नहीं पहचानता
जो बुरे वक्त में मेरा साथ दे में भी उसका ही साथ देता हूं
मैं तो अच्छे वक्त में साथ है फिर मैं भी उसे बुरे वक्त में नहीं पहचानता।।

14
मेरी जिंदगी के दो ही वसूल है
मैं कभी किसी का बुरा नहीं करता
और कभी किसी की बुराई नहीं चाहता
मैं अपने परिवार के साथ खुश रहता हूं
मैं कभी भी किसी को अपनी जिंदगी की बातें नहीं बताता

15
ना किसी के जाने की खुशी ना किसी के आने का टाइम
अपनी जिंदगी में मस्त हैं हम क्योंकि महाकाल के भक्त हैं हम

16
मेरी अकड़ का अंदाजा तुम इसी बात से लगा लेना
मैं उन लोगों को कभी अपनी मुंह नहीं लगाता
जो हर जगह अपना मुंह मारते फिरते हैं

17
जो मेरा साथ देना मैं उसके लिए किसी से भी लड़ जाऊंगा
जो मेरे साथ आएगा मैं उसके लिए कुछ भी कर जाऊंगा
मैंने हमेशा एक बात जानी है जो वादा करता हू
वो वादा निभा कर जाऊंगा

18
मैं अपनी जिंदगी को हमेशा ही अपने तरीके से किया करता हूं मैं लोगों से ज्यादा बहस नहीं किया करता हूं
मैंने अपने हिसाब से जीना सीखा है
और कभी किसी को दबाकर नहीं जिया करता हूं

19
किसी पर राज करने से कोई शेर नही बन जाता
शेर अपने जिगर से बना जाता है
कौन कैसा भी हो हमें फर्क नहीं पड़ता
अपनी जिंदगी को अपने हिसाब से जिया जाता

20
हम अपनी जिंदगी को अपने हिसाब से जिया करते हैं
हम लोगों से ज्यादा बात नहीं किया करते हैं
कि लोग अपनी औकात दिखा देते हैं
इसीलिए हम उनसे अब रिश्ते नहीं बनाया करते हैं

21
जिन जिन लोगों से हमें रिश्ते बना है
सब ने हमें धोखा देकर किसी और के साथ ही
अपनी वफादारी निभाए हैं
इसीलिए हम भी अब अपनी जिंदगी में मस्त रहते हैं
किसी के पास ना आते हैं ना किसी से अपना दिल लगाते हैं

22
ज्यादा हम कहीं दिल रोया नहीं करते
हम किसी को अपना बनाया नहीं करते
मोहब्बत में खा चुके हैं बहुत सारे धोखे
हम इसीलिए आप अपनी शराफत किसी को दिखाया नहीं करते

23
हम अच्छे हैं तो हमें अच्छे ही रहने दिया जाए
हमें ज्यादा बुरा बनने पर मजबूर ना किया जाए
एक बार अगर हम बुरा बन जाएंगे
तो फिर तुम हमें समझ नहीं पाओगे
हम तुम्हारी औकात से बाहर चले जाएंगे

24
हम अपनी जिंदगी को अपने हिसाब से जीते हैं
हम किसी को ज्यादा परेशान नहीं करते
हम लोगों से बात करते हैं
पर हम उनसे कभी ज्यादा मुलाकात नहीं करते

25
लोगों से मुलाकात में बात मनवाने का हुनर हमें भी आता है
यह सिलसिला करना हमें भी आता है
हम नहीं चाहते कि कोई ज्यादा बुरा बन जाए
हमें भी अपनी अच्छाइयों का फायदा उठाना आता है

26
हमेशा मोहब्बत करते हैं हम कभी किसी का बुरा नहीं करते
पर जिन लोगों ने हमारा बुरा चाहा है
वह कभी फिर छोड़ा नहीं करते
सब का हिसाब बराबर करते हैं हम
क्योंकि हम किसी का उधार रखा नहीं करते

27
मोहब्बत हमारे बस की बात नहीं है
क्योंकि हम अपने self-respect की धज्जियां नहीं उड़ा सकते
हम अपनी जिंदगी को अपने हिसाब से जीना पसंद करते हैं
हम किसी के आने जाने पर बंदिशे पाबंदी नहीं लगा सकते

28
सब लोगों को अपने हिसाब से अपनी जिंदगी जीने का हक है हम किसी के जीवन पर कोई बोझ नहीं डालते
जिसने हमें एक बार जाने तक कह दिया
फिर हम कभी लौट कर कभी उसके पास नहीं आते

29
लोग हमें शरीफ बताते हैं लोग हमें बुरा बताते हैं
पर लोग नहीं जानते हमें जो वह हमें बताते हैं
अपनी नसीहत को अपने पास रखे हैं
वह लोग जो हमें बिगड़ा हुआ नवाब बताते हैं

30
हम अपने हिसाब से जीना पसंद करते हैं
हम किसी की दखलअंदाजी अपने जीवन में बर्दाश्त नहीं करते ना हम लोगों को परेशान करते हैं ना हम किसी के परेशानी का सबब बनते।।

31
हम अपनी अकड़ को अपने ही पास रखते हैं
हम किसी को ज्यादा कर दिखाया नहीं करते
जो लोग हम से करते हैं बदतमीजी
हमसे उनसे शर्माया नहीं करते
उनकी हड्डियां तोड़ देते हैं एक-एक
हम उनको फिर हम कभी ऐसे ही छोड़ा नहीं करते

32
हम अपनी जिंदगी किसी पर बोझ नहीं बनाना चाहते
जो जाना चाहता है हमारे पास है हम उसे रोकना नहीं चाहते
हम उसे जाने देते हैं हमेशा के लिए हम कभी फिर उसे सीने से लगाना नहीं चाहते।।

33
कुछ लोगों की आदत होती है कि
वह सब को बुरा बताया करते हैं
पर कुछ लोग ऐसे भी हैं जो अपनी औकात दिखाई करते हैं रिश्तेदार भी होते हैं बहुत बुरे इस दुनिया में जो हमें अपनी अकड़ दिखाया करते हैं।।

34
हम किसी से गलत बात नहीं करते ना ही हम किसी की गलत बात सहन करते हैं।।
पर जो लोग उलझ जाते हैं हमसे
फिर वह हमारे आसपास भी दिखाई नहीं पड़ते हैं

35
हम अपनी जिंदगी को अपने हिसाब से जीना जानते हैं
हम किसी की दखलअंदाजी को बर्दाश्त नहीं करते
जो लोग कहते हैं कि हम बुरे हैं हम उनका भी स्वागत करते हैं क्योंकि हम अच्छे लोगों से बात नहीं करते।।

36
तुम तो इतनी अकड़ हमें दिखा रहे हो
हमारे ही गिर गई थी थोड़ी सी उसी को उठा रहे हो
हम जानते हैं तुम्हारी असलियत
तुम क्या हमें अपनी असलियत बता रहे हो

37
आजकल के जमाने में कोई किसी का नहीं होता
कौन किसी का सगा नहीं होता
सब लोग स्वार्थ से जुड़े होते हैं एक दूसरे के साथ
कोई भी बेमतलब किसी का साथी नहीं होता

38
जिंदगी में सब लोग सिर्फ एक ही भाषा जानते हैं
सब लोग यहां आरोपियों को ही पहचानते हैं
जिसके पास रुपया होता है ज्यादा उसी की इज्जत करते हैं
और उसी को ही अपना भगवान मानते हैं

39
जिसके पास जितना ज्यादा रुपया होगा
वह उतना ही ज्यादा अमीर हो जाएगा और फिर लोगों को धीरे-धीरे अपनी औकात दिखाएगा
सीधे मुंह बात नहीं करेगा किसी से
फिर वो सबको सबक सिखाएगा

40
अपनी जिंदगी में लोगों का प्यार कमाना सीखा है
हमने लोगों को खुश रखना सीखा है
हम अपनी जिंदगी में जिसे भी रहे
पर हमने कभी किसी का बुरा करना नहीं सीखा है

41
ना हम कभी किसी का बुरा करते हैं
ना हम कभी किसी का बुरा होने देते हैं
हम हमेशा हमेशा अपनी जिंदगी में खुश रहते हैं
हम अपनी जिंदगी को अपने हिसाब से जीना ही पसंद करते हैं

42
लोग हमेशा एक जैसे ही होते हैं
लोग हमेशा एक तरफ ही बोला करते हैं
जो लोग जितना जानते हैं
वह उतना ही अपने मुंह से उगला करते हैं

43
जो लोग नहीं समझते आपको उनको जाने देना चाहिए
अपने पास रख कर उनका और खुद का टाइम बर्बाद नहीं करना चाहिए।।

44
जो लोग आपकी की इज्जत करते हैं
उनको हमेशा पास रखना चाहिए
जो लोग आपकी भावनाओं की कद्र करते हैं
उनको हमेशा सम्मान देना चाहिए
और जो लोग आपकी self-respect को ठेस पहुंचाते हैं
उन को बाहर का रास्ता दिखा देना चाहिए

45
अपनी इज्जत कभी किसी के पास गिरवी मत रखना
कभी भी अपने उसूलों से समझौता मत करना
जो आप को नहीं समझ सके उसे कभी समझा कर अपना वक्त बर्बाद मत करना।।

46
किसी के सामने अपना वक्त बर्बाद करने से कुछ नहीं होता किसी से प्यार करने से कुछ नहीं होता
लोग कुछ दिनों के बाद साथ छोड़ जाते हैं
अपना दिल किसी के सामने रख देने से कुछ नहीं होता

47
इस दुनिया में मोहब्बत नाम की कोई चीज नहीं होती
सब लोग गिरे हुए होते हैं मोहब्बत किसी किसी की नहीं होती साथ देने वाला तो कोई कोई ही होता है..जिंदगी में हर किसी को उस साथी की खबर नहीं होती..।।

48
तुम हमेशा खुश रहना हम तो यही चाहते हैं
पर हमें दुखी करके खुश रह सके
ऐसा तो कभी हो ही नहीं सकता
अगर तुम पूछते हो भगवान को तो
हमारा भी कोई भगवन होगा
वह भी तुम्हें कभी खुश रहने नहीं दे सकता

49
अच्छे के साथ अच्छा ही होता है
यह तो सिर्फ कहावतों में ही सही होता है
मैंने जिसको भी अच्छा किया है उसने मेरे साथ बुरा ही किया है इसीलिए अब मैं सबके साथ वैसे ही रहता हूं जो जैसा मेरे साथ व्यवहार में रखा करता है।।

50
सब लोग एक जैसे नहीं होते यह मैंने सुना हुआ है
पर कुछ लोग ऐसे भी होते हैं कि मैंने देखा हुआ है
अब मैं किसी पर यकीन नहीं करता कौन कहता है कि मैं बुरा हूं तो मैं मान लेता हूं मैं फालतू किसी से बहस नहीं करता

51
बहस करके मैं अपना टाइम बर्बाद करना नहीं चाहता
मैं ज्यादा किसी को मुंह लगाना नहीं चाहता
लोग जो समझते हैं समझते रहे मेरे बारे में
मैं उन्हें अपने बारे में पता कर अपने आप को सही साबित करना नहीं चाहता।।

52
फालतू लोगों की बातों में सुना नहीं करता
मैं सिर्फ अपने मन का किया करता हूं
मैं अपने परिवार वालों के बारे में सोचता हूं
और उन्हीं के साथ रहा करता हूं

53
मय्यत तक कोई भी साथ नहीं आता
आपकी मोहब्बत की कोई कदर नहीं करता
आप वही करोगे जो आपके परिवार वाले कहेंगे
इसलिए यह जिंदगी जी लो
क्योंकि कोई भी मरने के बाद आपके साथ नहीं आत

54
मरने के बाद आपके साथ कोई नहीं आएगा
आप से मोहब्बत कोई नहीं जाता पाएगा
इसीलिए जो जीना है इसी जिंदगी में जी लो
कोई भी आपके आंसू पोछने आपके पास नहीं आएगा

55
लोग अकड़ इसी तरह दिखाते हैं
और लोग इसी तरह दिखाते रहेंगे
आप अपनी जिंदगी में मस्त रहना
किसी से बहस कर कर अपना दिमाग खराब मत करना

56
जिसको जितना चाहोगे वह उतनी ही अपनी औकात दिखाएगा सब कुछ कर लोगी तुम उसके लिए वह 1 दिन तुमसे यही कहकर जाएगा….. तुमने क्या किया है मेरे लिए और वह तुम्हें रुला कर चला जाएगा//

57
जो लोग मेरे से बात करना नहीं चाहते
मैं भी उनसे बात करना नहीं चाहता
जो नहीं मिलना चाहती मेरे से
मैं उन्हें देखना भी नहीं चाहता

58
कल मेरी हार पर जो लोग खुश हो रहे थे
आज वही मेरी कामयाबी पर मुझसे मिलने आ रहे हैं
जो लोग मेरे बारे में बातें किया करते थे
कि मैं कुछ नहीं कर सकता वही आज मेरा गुणगान बढ़ा रहे हैं।।

59
मैं हमेशा खुश रहता हूं और मैं खुशी रहा करता हूं
मैं हमेशा अपनी जिंदगी अपने हिसाब से जिया करता हूं
लोग क्या समझते हैं मेरे बारे में मैं ज्यादा नहीं सोचता
मैं जैसा हूं वैसा ही रहा करता हूं
दिखावटी जिंदगी से ज्यादा असलियत में रहना पसंद करता

60
कुछ लोगों को एक बात समझ नहीं आती
उनको अपने अलावा और कोई दिखाई नहीं देता
वह सिर्फ अपने आप में ही खुश रहते हैं
उनको अपनी जिंदगी के अलावा और किसी के साथ का भरोसा नहीं होता।।

61
कोई भी रिश्ता आपके काम नहीं आएगा
कोई भी आपके साथ नहीं जाएगा
इस जिंदगी को जैसे जीना है अपने हिसाब से जी लेना यारों कोई भी आपसे अपना दिल की बातें नहीं बताएगा..

62
यह जिंदगी में जो लोग भी मिले हैं मुझे
सारे के सारे गलत कहते हैं मुझे
सब ने मेरा इस्तेमाल ही किया है
इसीलिए मैं उनसे बात नहीं करता तो वह बुरा कहते हैं मुझे

63
अरे जाओ मुझे भी तुमसे बात नहीं करना
अगर तुम्हें मुझ से मुलाकात नहीं करना
तुम अपनी इतनी औकात दिखा रहे हो
तो फिर मुझे भी तुम जैसे कुत्तों से बहस नहीं करना

64
मैं अपनी जिंदगी अपने हिसाब से जीना चाहता हूं
मैं अब अपनी जिंदगी में ही रहना चाहता हूं
जो लोग जा चुके हैं मेरी जिंदगी से
मैं उन्हें याद करना नहीं चाहता हूं

65
बीते हुए लोग कभी लौटकर वापस नहीं आते
जो आपके हैं वह आपको छोड़कर नहीं जाते
इसीलिए रोना बंद कर दीजिए उन लोगों के लिए
जो आपसे कभी काम नहीं

66
अपनी जिंदगी यहां लोगों को खुद ही जीना पड़ता है
कौन किसी के बारे में ज्यादा सोचा नहीं करता
लोग कहते हैं कि यह रिश्ते आपके सगे हैं
पर असलियत यही है कि कोई भी आप का सगा नहीं हुआ करता।।

67
हर किसी पर से यकीन उठ चुका है
हम किसी पर भी यकीन करना नहीं चाहता
मैं अपनी जिंदगी में खुश रहता हूं अब
मैं किसी को अपने दिल से लगाना नहीं चाहता

68
एटीट्यूड तो मुझे भी बहुत है पर मैं फालतू दिखाया नहीं करता लोग जितना समझते हैं मुझे अच्छा
पर मैं उन्हें अपनी असलियत दिखाया नहीं करता
वह मुझे शरीफ समझते हैं इसीलिए कुछ भी कहे जाते हैं
पर मैं क्या हूं यह मैंने समझाया नहीं करता

69
एक ही बार में मैं सबको समझा सकता हूं
मैं उन्हें उनकी औकात पर आ सकता हूं
पर मैं अपने संस्कारों की वजह से चुप रहता हूं
क्योंकि मैं अपनी मां को अपना भगवान समझता हूं

70
मेरी चुप्पी को मेरी कमजोरी मत समझना
तुम मुझे किसी से कम मत समझना
तुम जो समझते हो वह मैं बहुत पहले समझ चुका हूं
तो मुझे खुद से बढ़कर मत समझना

71
मैं तो हमेशा खुशी रहा करता हूं
मैं कभी दुखी नहीं हुआ करता हूं
जो लोग कहते हैं कि वह ज्यादा अच्छे हैं
तो ठीक है तुम अच्छे ही रहो
मैं तुम्हें सब अपने जैसे बनाने की कोशिश किया करता हूं

72
मैं मेरी खुशी में ही सब कुछ देखता हूं
मैं अपनी खुशी को भी अपना समझता हूं
उसके अलावा और कोई नहीं है मेरी जिंदगी में
मैं अपनी खुशियों की ही परवाह करता हूं

73
मैं किसी की परवाह करना नहीं चाहता
मैं इस समाज और सोसाइटी से अपना वास्ता रखना नहीं चाहता…सब लोग मतलबी होते हैं
इसीलिए मैं उन्हें अब सीधे मुंह बात करना नहीं चाहता//

74
जो लोग मुझसे सीधे मुंह बात नहीं करते थे
आज वह भी तारीफ करते हैं
क्योंकि कल में उनके काम पर नहीं था
और आज उनके काम का हूं
इसीलिए वह हर जगह मेरी चर्चा किया करते हैं

75
मैं जैसा हूं मैं वैसा ही रहूंगा
मैं कभी किसी को अपना नहीं रहूंगा
मैं अपने हिसाब से जीना पसंद करता हूं
मैं कभी किसी को अपना बनाया नहीं करता

76
लोग कैसे हैं यह में जानना नहीं चाहता
मैं किसी की जिंदगी में ज्यादा घुसना नहीं चाहता
मैं अपने आप में ही खुश रहा करता हूं
मैं ज्यादा किसी को अपने दिल की बातें बताना नहीं चाहता

77
जो लोग कहते हैं कि वह अच्छे हैं
मै उनके हाथ जोड़ लिया करता हूं
तुम अच्छे रहो हम बुरे ही अच्छे हैं
मैं उन्हें फिर अपने घर से रफा-दफा कर दिया करता हूं

78
मेरे बारे में बहुत से लोग गलत कहते हैं
पर मुझे ज्यादा कुछ फर्क नहीं पड़ता
क्योंकि मैं भी तो ज्यादा अच्छा नहीं हूं
इसीलिए मुझे बुरा कहने वालों को और सुनने वालों को मेरे से कोई फर्क नहीं पड़ता।।

79
अपनी जिंदगी में जो लोग एक को ही अपना सबकुछ मान लेते हैं वह हमेशा रोते रह जाते हैं…
इसलिए जिंदगी में आगे बढ़ना सीखिए
क्योंकि जो लोग अपनी जिंदगी में आगे बाद जाते हैं
फिर कभी भी लौट कर अपने पुराने रास्तों पर नहीं जाते हैं।।

80
अपनी जिंदगी के आज को अच्छे से जी लीजिए
क्योंकि पर लगा आपको पता नहीं है जो रास्ते निकल जाते हैं पीछे उन रास्तों पर कोई चारा नहीं करता क्योंकि वहां सिर्फ आप के निशान ही बचते हैं कोई आपको वहां पर फिर से देख नहीं सकता

81
यह जिंदगी की हकीकत ही है कि लोग एक दूसरे को इतना अच्छा समझते हैं
लोग अपने आप को बहुत ही सही समझते हैं
पर वह नहीं जानते कि वह क्या है जो हमें बहुत बुरा समझते हैं

82
मुझे कोई बुरा समझेगा मुझे कोई अच्छा समझे मुझे उससे फर्क नहीं पड़ता मैं तो बस खुश हूं अपनी जिंदगी में
मुझे किसी के आने जाने से कोई मतलब नहीं होता

83
अपने हिसाब से ही अपनी जिंदगी जीता हूं.. किसी से ज्यादा बहस नहीं करता. जो लोग कहते हैं कि मैं बहुत बुरा बन चुका हूं मैं उनसे अब अच्छा अपने आपको पहले आने की उम्मीद भी नहीं रखता//

84
लोग मुझे जाने यह मैं चाहता हूं पर लोग मुझे मेरे नाम से पहचाने यह भी मैं चाहता हूं.. पर मैं यह नहीं चाहता कि लोग मेरी बेइज्जती या मेरे परिवार के बारे में कुछ कहें तो फिर मैं उनको छोड़ना नहीं चाहता हु..//

85
कुछ दोस्त मुझसे मेरे मूझसे कहते हैं कि
मैं उनसे बात नहीं करता तो सुनो
मैं तुमसे अभी इसीलिए बात नहीं करता
क्योंकि मैं स्वार्थी लोगों से अब रिश्ते नहीं रखता

86
मैंने तो हर किसी के लिए सब कुछ किया है
पर लोगों ने तो हमेशा अपनी औकात ही दिखाई है
लोग हमेशा रहते हैं अपनी ही अकड़ में
उन्होंने तो किसी को अपनी सच्चाई नहीं बताई

87
हम भी तुम्हारी सच्चाई जानते हैं
हम भी तुम्हारी भी रात भर से वाकिफ हैं
तुम जो हमें सिखा रहे हो इतना सब कुछ
हम तुम्हें तुम्हारी ही और सबक से वाकिफ है

88
हम तुम्हारी औकात अच्छे से जानते हैं
हम तुम्हारी हर नब्ज को पहचानते हैं
तुम कहां जा कर गिर जाओगे यार
और कितना गिर सकते हो हम यह भी अच्छे से जानते हैं

89
मैं जब तक किसी से कुछ नहीं कहता
जब तक कोई मेरे पीछे नहीं पड़ता
मैं हमेशा खुश रहा करता हूं
मै अपनी जिंदगी में मैं तो अभी लोगों के साथ दिल की बातें शेयर नहीं करता।

90
अगर आंख से आंसू निकले तो खुद ही पूछ लेना
लोग पहुंचने आएंगे तो सौदा करेंगे
वह लोग आपसे बात भी इसीलिए करेंगे
ताकि आप की राज जान सकते हैं
और आपको फिर वह बर्बाद कर सकें

91
हर कोई आप को बर्बाद ही करना चाहता है
कोई भी आपका भला नहीं चाहता
इस दुनिया में ऐसा कोई भी नहीं है जो
आपको दिल से मोहब्बत करना चाहता

92
हर जगह दिल नहीं लगाना चाहिए
हर किसी को दिल की बातें नहीं बताना चाहिए
लोग अगर चाहते हैं आपसे दूर होना तो उन्हें जाने दो
उनके पास जाकर अपनी इज्जत को कम नहीं करवाना चाहिए

93
जब तक खुद पर बात ना आ जाए
तब तक ज्यादा पर बैठकर बातें नहीं करना चाहिए
जब कुछ दिखाने का टाइम हो तभी कुछ करके दिखाना चाहिए

94
मैं पहले से बढ़ बढ़ कर बात ही नहीं करता
मैं पहले से ही अपने ही गुणगान नहीं करता
कुछ करके दिखाऊंगा मैं भी कुछ तुम लोगों को
जो मुझे कहते हैं कि मुझे कुछ करना नहीं आता

95
जिन लोगों के मुझसे कुछ भी उम्मीद नहीं थी
मैं उनकी उम्मीदों पर भी देखना खरा उतर जाऊंगा
और जो लोग कहा करते थे कि मैं कुछ नहीं कर सकता
मैं देखता हूं के लिए एक मिसाल बन जाऊंगा

96
हमेशा से ही खुश रहता हूं मैं
हमेशा से ही जिंदगी अपनी हर तरह से जीता हूं मैं
अब लोगों की फिक्र करना बंद कर दिया है मैंने
अपनी जिंदगी में अपने हिसाब से ही लोगों का आना जाना पसंद करता हूं।।

97
नहीं किसी को अपनी मोहब्बत दिखाता हूं
नहीं किसी को अपने जज्बात दिखाता हूं
जो जैसा मुझसे बात करता है मैं उसे वैसा ही सब बताता हूं
और जो जैसा मुंह से बोलता है मेरे बारे
में उसे वैसा ही पेलता जाता हूं

98
तो अब से एक बात याद रखना
तुम तुम्हारी औकात याद रखना
मेरे बारे में किसी से पूछ लेना कि मैं कौन हूं
तब जाकर मुझसे बात करने की हिम्मत रखना

99
सफर जिंदगी ऐसे ही बीत जाएगा
ना हम किसी के पास जाएंगे ना कोई हमारे पास आएगा
अपना ईगो एक अलग बात है
पर अपनी self-respect आपको बचाना है
उसे बचाने कोई नही आएगा

100
कुछ लोग प्यार की भाषा नही समझते
तो हम उन्हे उसी भाषा मै समझाते है
जिसे वो हमारी भाषा नही समझते।।

Final Words:

So boys and girls these were the best ego Shayari in Hindi, we hope that you loved all these Shayari collection and if you did then please share it with your boyfriend or girlfriend.

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