गर्लफ्रेंड के लिए लव शायरी 2022 | Love Shayari for Girlfriend in Hindi

हेल्लो दोस्तों आज के इस पोस्ट में हम आपके साथ बहुत ही अच्छी और सच्चे प्यार गर्लफ्रेंड के लिए लव शायरी को शेयर करने वाले है. ये सभी शायरी बहुत ही अच्छी है और इसको आप एक तरफा प्यार वाली शायरी के तौर पर भी इस्तेमाल कर सकते हो.

आप इन शायरी को किसी भी लड़की को शेयर कर सकते हो और इन शायरी को पढ़कर उनको भी प्यार हो जायेगा. इसके अलावा आप इन शायरी को अपनी गर्लफ्रेंड के साथ भी जरुर शेयर करे इससे उनके दिल में आपके लिए और भी ज्यादा प्यार पैदा हो जायेगा.

तो फिर चलिए दोस्तों बिना कोई टाइम बर्बाद करते हुए सीधे इस पोस्ट को स्टार्ट करते है.

गर्लफ्रेंड के लिए लव शायरी

Best Love Shayari for Girlfriend in Hindi

Love shayari for girlfriend in hindi

1
मोहब्बत हो गई है तुमसे
दिल ने इस कदर तुम्हे चाहा है
तुम रहती हो दिल मैं हमेशा
तुम्हे ही हमसफर माना है।

2
पहली बार देखा था तुम्हे
और देखता ही रह गया
कितना हसीन था वो पल
मैं उसमे ही खो गया।

3
अब मैं बात नही करता किसी से
क्युकी तेरे सिवा कोई अच्छा ही नही लगता
तुझमें बस्ती है जान मेरी
मेरी जां के सिवा अब कोई अपना नही लगता।

4
तेरे साथ वो सफर तय करना है
सात जन्मों के बंधन मैं बंधना है
देखे थे जो सपने हमने ख्वाबों मैं
वो अब हकीकत मैं पूरा करना है।

5
वो नही कहती फिर भी समझ जाता हूं
दूर हूं उससे मगर दिल से चाहता हूं
मेरे लिए वो मेरी जां है
उसके लिए खुदा से भी लड़ जाता हूं।

6
कुछ इस कदर तुमको चाहने लगे है
हर दम तुम्हारे ख्वाब आने लगे है
कोन कहता है इश्क मैं पागल हो जाते है
हम तो तुम्हारे दीवाने होने लगे है।

7
कभी लगता है तुम पास हो मेरे
कभी तुमसे दूर जाने को मन नहीं करता
दिल कहता है गले से लगा लू तुम्हे
पर ये वक्त फिर साथ नही देता।

8
मेरी बाते वो अपनी सहेली से किया करती है
मुझे अपनी जान बताया करती है
मुझसे कहती है तुम मेरे कुछ नही लगते
पर सबको मुझे उसका शौहर बताया करती है।

9
अब उससे दूर नहीं जाना है
उसके पास ही रह जाना है
जो लिखा है वो होगा ही सही
पर उसके लिए तकदीर से भी लड़ जाना है।

10
अक्सर दूसरो की तारीफ करके
वो मुझे जलाया करती है
उसे पता है मैं नहीं सुना सकता किसी की तारीफ
वो फिर भी मुझे बहुत सताया करती है।

11
कुछ लफ्ज़ इस तरह कहना था उससे
उसे खबर भी ना हो
और इश्क का इजहार करना था उससे।

12
वो सोचती है मैं उसके बारे मैं नहीं सोचता
पर मेरे जहन मैं उसके सिवा कुछ आता ही नहीं है
हर दम वो दिल मैं बसती है मेरे
दिमाग से उसका ख्याल जाता ही नही है।

13
अब क्या हमसफर तेरी रहा देखनी है
तुझे तो अब कही और ही मंजिल मिलनी है
पर इश्क हमारा अब भी बाकी है तुझमें
मुझे हर जन्म तेरी मोहब्बत मिलनी है।

14
तुझे देखता हु तो ख्याल आता है
तू क्यूं नही है मेरे पास ये मलाल आता है
खास आइना होता मै तेरे घर का
मन मै हरदम ये सवाल आता है।

15
ये जो गजल लिखी जा रही है
तुझे लफ्जो मै सुनाई जा रही है
मै कौन हू क्या तुझे नहीं पता
ये मेरी आशिकी है जो लिखी जा रही है।

16
लोग पूछते है हाल मेरा
पर वो ये नहीं जानते
मेरी खुशियां कैद है किसी के पास
वो उस का पता नही जानते।

17
अब हर दम तुम्हे सोचते रहेंगे
ऐसा हम कब तक करते रहेंगे
तुम भी कभी आओ हमसे मिलने
हम कब तक यूंही तुम्हारी राह देखते रहेंगे।

18
दूर होकर भी जो दिल के पास लगता है
वो मुझे मेरा खास लगता है
उसके सिवा कोई नही है मेरा
वो मुझे कोई नदी का किनारा लगता है।

19
जिस दिन तुमसे शाम को मिलने आएंगे
जुबा तो खामोश ही रहेगी
आंखों से सब कह जाएंगे
शराब की जरूरत ही नही पड़ती हमे तो
नशीली आंखों में ही डूब जाएंगे।

20
खुशी मिलती है मुझे उसे खुश देखकर
शायद वो मेरा ही कोई अक्ष लगता है
पिछले जन्म का नाता है उससे
वो मेरा दिल का कोई हिस्सा लगता है।

21
तुम्हें जान बोल कर तुम्हें मनाना भी अच्छा लगता है
तुम जब रूठ जाती हो तो
तुम्हारा गुस्सा भी अच्छा लगता है
तुम नहीं जानती तुम्हारे इश्क में इस कदर डूबे हैं हम
तुम पागल कह दो हमें फिर भी अच्छा लगता है।

22
हर दिन तुम्हारा उसी बेसब्री से इंतजार रहता है
प्यार नहीं बदलता मेरा हर दिन वही यार रहता है
तुझे तो मैंने अपना सब कुछ माना है
तू मेरे दिल के किसी हिस्से में रहता है।

23
जब कभी तुमसे मिल पाएंगे
कैसे अपने दिल की बात कह पाएंगे
सुना है तुम्हारी नजरें कातिल हैं
हम तो फिर खड़े-खड़े ही मर जाएंगे।।

24
तुम्हारा किसी और से यूं हंसकर बात करना
मुझे अच्छा नहीं लगता है
तुम सिर्फ मेरी हो
मुझे यह कहना अच्छा लगता है।

25
मोहब्बत मैंने की है तुमसे
तुम पर कभी एहसान नहीं जताऊंगा
तुम चाहे कर लेना मेरे साथ धोखा
मैं तुम्हें कभी बेवफा नहीं बताऊंगा।

26
हरदम रहती है ख्यालों मै
कभी बाहर भी जाया करो
हम तुम्हे एक नजर देखने के लिए खड़े रहते है
तुम भी कभी दरवाजे पर आया करो।

27
ये इश्क नही है आसान
फिर भी तुमसे करना चाहूंगा
तुम कर देना मेरी मोहब्बत से इंकार
मै हर जन्म मै तुम्हारा श्याम बनकर आऊंगा।

28
आजकल का इश्क नही है तुमसे
मेने तुम्हारी रूह से मोहब्बत की है
जिस्मों की हसरत से उपर उठकर
मेने तुमसे मोहब्बत की है।

29
सच्चा इश्क ढूंढने चला था दुनिया में
यह पता नहीं था तुम मिल जाओगी
जहां पर मेरी तलाश खत्म होती है
तुम वो मेरी मोहब्बत बन जाओगी।

30
अब क्या रखा है सुनने और सुनाने में
मैंने तुम्हारी दिल की धड़कन को पहचाना है
तुम्हें भी इश्क है मुझसे जानता हूं मैं
पर तुमने अभी तक ये नहीं माना है।

31
किसी से ज्यादा बात नहीं करता था मैं
पर उसकी बातें सुनना अच्छा लगता है
वह पागल भी कह देती है मुझे
पर उसके मुंह से यह भी अच्छा लगता है।

32
लोग कहते हैं मोहब्बत बरबाद कर देती है
पर मुझे तो मोहब्बत ने जीना सिखाया है
मैं तो पहले अड़ियल सा लड़का था
पर मोहब्बत ने मुझे जीने लायक बनाया है।

33
तुम सर्दी की सुनहरी धूप जैसी हो
अगर नहीं मिलो तो दिल बेचैन हो जाता है
सुबह की चाय की तरह याद आती हो हर पल
अगर नहीं मिले तो सर में दर्द हो जाता है।

34
मैं सीधा साधा लड़का हूं,
तुम पढ़ी लिखी लड़की हो
मैं चाय में शक्कर जैसा हूं
तुम अदरक जैसी तीखी हो।

35
कुछ ना मिले कभी तो हमें याद कर लेना
हमने की है तुमसे मोहब्बत एतबार कर लेना
कभी राह में अकेला नहीं छोडूंगा मैं तुम्हें मेरी जां
मगर तुम मुझसे एक बार मोहब्बत कर लेना।

36
बहुत सारे पल और बहुत सारे सपने तेरे साथ जीने हैं
तेरे साथ हर कदम पर मुझे चलना है
तू भी मेरा हाथ पकड़े रहना ए हमदम
मुझे अब तेरा हमसफर बनना है।

37
रूह से मोहब्बत थी तुम्हारी
इसीलिए अब तक जिंदा है
अगर जिस्म से मोहब्बत होती
तो कब की रातों में ढल चुकी होती।

38
यू आईने में देखकर ना मुस्कुराया करो
अगर किया है वादा मिलने का
तो फिर मिलने भी आया करो
हम बैठे रहते हैं तुम्हारे इंतजार में
हमें इस कदर ना तड़पाया करो।

39
राह में कोई अजनबी मिलते हैं मैंने सुना था
पर तुम कब जान बन गई पता ही नहीं चला
जिस दिल तक कोई नहीं पहुंचा आज तक
तुम उस दिल की धड़कन बन गई पता ही नहीं चला।

40
जरा आओ पास बैठो तुम्हें दिल का हाल बताना है
तुम हमारे हो सनम यह हमें कहते जाना है
तुम्हारी सांसों को महसूस करके
तुम्हारी जुल्फों में खो जाना हैं।

41
लिख दिए मैंने खत हजार तुम्हें
जिनमें मोहब्बत बेशुमार थी
तुम नहीं मिली मुझे तो क्या हुआ
मुहब्बत तो दोनो तरफ बेशुमार थी।

42
हाले-ए दिल तुम्हे कैसे बताएं
तुमसे मोहब्बत कितनी है
ये तुम्हे कैसे जताएं
हम रहते है हर पल इंतजार मै
इस इंतजार को शब्दो मै कैसे बताएं।

43
मोहबत की थी हमने
कोई गुनाह नहीं किया
जो तुमसे छुपाएंगे
पर अगर है तुम्हारी इज्जत की बात
तो उस गली में अब कभी नही आएंगे।

44
मेने लिखा है तुम्हे इतना
जितना किताबो मै भी नही है
हर पन्ना कहता है तुम्हारी दांसता
मेरे पास इश्क का कोई हिसाब नही है।

45
जब चांदनी रात में हम दोनो
एक दूसरे की बाहों मै खो जाएंगे
लोग क्या कहेंगे इस का डर छोड़कर
मोहब्बत के आगोश मै सो जाएंगे।

46
जहां तक मेने उसे सोचा है
हर दिन उसे ही चाहा है
वो मेरी है हमेशा खुश रहे
ये ही खुदा से मांगा है।।

47
कुछ लोग को दिल के करीब होते हैं
धड़कन मै बसे होते है
तुम उन लोगो मै से हो
जिनके बिना हमारे सवेरे नही होते है।

48
मोहब्बत के शहर मै देखो कैसा आलम आया है
आज मेरा महबूब मेरे पास आया है
लोग कहते है मैं कुछ नहीं हूं उसके लिए
पर उसने पूरी दुनियां मै से सिर्फ मुझे चाहा है।

49
तुम पास रहना मेरे
हर गम सह जाऊंगा
तुम्हारे खुशी के लिए
कुछ भी कर जाऊंगा।

50
कुछ अच्छा नही लगता उसके सिवा
मुझे कहा कुछ आता है
एक वो ना हो मेरे पास
मुझे कुछ नही भाता है।

51
उसके बारे मै क्या कहूं मै
वो मुझे सबसे प्यारी लगती थी
कोई नहीं था उसके जैसा
वो मुझे जन्नत की हूर लगती थी।।

52
उसके बिना एक पल भी रहा नही जाता
अब ये जुदाई का दर्द और सह नहीं जाता
कब तक देखते रहेंगे हम उसकी रहा ऐसे ही
अब उसके बिना जिया नही जाता।

53
जबसे तुम्हे देखा है मुझे चैन कहा आता है
हर पल तेरा चहेरा नजर आता है
ख्वाबों मैं भी तुम हो मेरी जां
मुझे इश्क हो गया है, पर ये तुम्हे कहा समझ आता है।

54
जरा करीब तो आया करो
जब मैं हाथ पकडू
तो यू ना छुड़ाया करो
कुछ तेरे तो रहो मेरी बाहों मैं
मुझे छोड़कर यूं ना जाया करो।

55
जिसे देखकर मुहब्बत पर यकीन हो जाए
वो किस्मत का सितारा हो तुम
मेरे लिए मेरे जिंदगी
आसांम मै चमकता हुआ तारा हो तुम।

56
जब तुम गुस्सा किया करती हो
बहुत अच्छी लगती हो
मै सोचता हु तुम्हारे बारे मैं रात दिन
पर तुम भी मुझे इश्क मैं पागल लगती हो।

57
इश्क हुआ है तुमसे क्या किया जाए
इजहार कर दू या रहने दिया जाएं
तुम मेरी जान लगती हो ए हमसफर
ये बता दू या रहने दिया जाएं।

58
जो लोग सोचते है की मै तुम्हरा हो गया हूं
वो लोग गलत सोचते है
क्युकी मै सिर्फ तुम्हार हो गया है।

59
जब से तुम्हे देखा है कुछ अच्छा नही लगता
मुझे कोई ख्वाब नया नही लगता
अब कुछ पाने की जिद नहीं है मेरी
तेरे बिना जीना अच्छा नही लगता।

60
ये दुनिया जब भी मोहब्बत का नाम लेगी
ये हमारा और तुम्हरा भी नाम लेगी
इस कदर चाहूंगा तुम्हे
ये हम दोनो को मोहब्बत का खिताब देगी।

61
एक रोज जब तुमसे मिलने आऊंगा
तुम्हारे लिए वो पायल लेकर आऊंगा
जब उसे पहनकर निकलोगी शहर मै
उसकी आवाज की खनक मै यहां सुन पाऊंगा।

62
अब कहा मुझे किसी की चाहता है
तेरे बिना किसी की इबादत है
तुम नहीं हो मेरे पास तो कुछ नही
ये इश्क मोहब्बत ही अब मेरी आदत है।

63
मै अड़ियल सा एक लड़का था
तुम किसी महल की शहजादी थी
तुम उस चांद की चांदनी जैसी
मै किसी सूरज की गर्मी था।।

64
अब जब मिलने आया करो
तो काला टीका लगाकर आया करो
इतनी खूबसूरत हो तुम
अपने आप को नजर से बचाया करो।

65
बहुत खुशकिस्मत हूं मैं
जो तुम मेरे जिंदगी मै आई हो
मुझे नहीं पता था इश्क का कुछ
तुम मेरी दुनिया जहान बनकर आई हो।

66
अगर लिखा है इश्क मैं बर्बाद होना
तो हम बर्बाद होते रहेंगे
तुम खुश रहना मेरी जां
हम तुम्हारी खुशी की दुआ करते रहेंगे।

67
कुछ तो बात है तुममें
जो इस कदर याद आती हो
शायद मुहब्बत हो गई है तुमसे
इसलिए ख्वाबों मैं सताती हो।

68
अधूरे किस्से रह जाते है मोहब्बत मै
प्यार को मंजिल नही मिल पाती
दो लोग मिलकर बिछड़ जाते है
पर उनको मोहब्बत मिल नही पाती।

69
आशिकी के कुछ किस्से हम भी सुनाएंगे
हमने की है तुमसे मोहब्बत ये सबको बताएंगे
अगर लिखा है मोहब्बत मै रोना
तो मेरी जां हम तेरे लिए आंसू भी बहाएंगे।

70
अब जो तुम इतने दिनो बाद मिले हो
तो इस तरह जाने नही देंगे
एक बार लग जाओ गले से
इस बार तुम्हे सताने नही देंगे।

71
इश्क हुआ था जब मुझे तुमसे
मै तुम्हारे इश्क मैं पागल हो गया था
ना खाने का होश था मुझे ना पीने
मै मोहब्बत के आलम मैं खो गया था।

72
जिस रोज तुम मिलने नही आती
मेरा मन ही नही लगता हैं
मोहब्ब्त क्या हो गई तुमसे
तुम्हरे सिवा कोई अच्छा ही नही लगता है।

73
तुम यूं ही सामने बैठी रहा करो
तुम्हे देखने को दिल करता है
तुम हमारी मोहब्ब्त हो
तुम्हे बाहों मै भरने को दिल करता है।

74
हर बात पर को मुझसे लड़ जाया करती है
गुस्सा मै होता हूं, फिर वो मनाया करती है
जब नही मना पाती है वो मुझे
तो फिर से वापस गुस्सा हो जाया करती है।

75
किसी गुलाब की कली की तरह है वो
जिसे मैं कभी कोई दुःख देना नही चाहता
वो रहे खुश हमेशा बस यही दुआ है
मैं उसको कभी रुलाना नही चाहता।।

76
कभी कभी तो मुझे बहुत तंग किया करती है
किसी और की बात करके सताया करती है
मैं जब हो जाता हूं उससे गुस्सा
फिर वो मुझे घंटो तक मनाया करती है।

77
जरा पास आओ मेरे
तुम्हे दिल का हाल सुनाना है
इस चांदनी रात मैं
तुम्हरा हाथ पकड़कर दूर तक जाना है।।

78
कभी कभी लगता है
खास तुम मेरे पास होती
तुमसे रोजाना मिल पाता
तुम मेरे आगोश मै होती।

79
मोहब्बत के सिवा हमे तो कुछ आता ही नही है
एक तुम ही हो मेरी जान
तुम्हारी सिवा कोई अच्छा लगता ही नहीं है।।

80
अक्सर जब ख्यालों मै खो जाया करता हु
वहा भी मै तुम्हे ही पाया करता हूं
ये कैसी मोहब्ब्त कर रहा हु मैं
जहा इश्क सिर्फ मै निभाया करता हूं।

81
अब जरा थोड़ा पास आओ
मुझे सोना है गहरी नींद
मुझे अपनी गोद मै सुलाओ।

82
जब भी तुम्हे देखता हु
दिल करता है बस तुम्हे देखता ही रहूं
तुम्हरे ख्वाब अच्छे लगते है मुझे
दिल करता हु दिन मै भी सोता ही रहूं।

83
अब मोहब्ब्त भी हुई है तुमसे
जिसे मोहब्ब्त नही आती
उसे भी मोहब्ब्त हुई है तुमसे।

84
तुम मेरे दिल का वो हिस्सा हो
जिसे मैं कभी खोना नहीं चाहता
तुम्हरे होने से है मेरी सांसे
मै अब तुम्हारे बिना मरना भी नही चाहता।

85
कुछ इस कदर तुम दिल में बस गई हो
चाह कर भी तुम्हें हम निकाल नहीं सकते
जिस दिल में कोई नहीं आया आज तक
तुम उस दिन की धड़कन बन गई हो।

86
यह कभी जब तुम शर्माती हो
खुदा कसम कहर ढाती हो
जब देखती हो निगाहों से हमे
दिल मै सैलाब बनके उतर जाती हो।

87
तुम छोड़कर जाने की बात ना किया करो
ऐसे सताने की बात ना किया करो
तुम्हारे बिना कोन है हमारा
तुम हमसे दूर जाने की बात ना किया करो।

88
नजरे मिली और प्यार हो गया
तुम्हे सोचा और इंतजार हो गया
इस कदर चाहा तुझे
इश्क मैं हमे बुखार हो गया।

89
तुम जींस मै भी अच्छी लगती हो
तुम सूट मै भी अच्छी लगती हो
पर जब खुले बाल करके साड़ी पहनती हो
तुम सच मै बहुत कमाल लगती हो।

90
लाजवाब हो तुम
मेरे लिए कोई ख्वाब हो तुम
जिसे देखा है सपने मै
वो मोहब्ब्त की किताब हो तुम।

91
तेरे लिए इतने खत लिखे है
हर शब्द मै तुम्हे लिखा है
तुम सिर्फ मेरी हो मेरी जां
मेने मोहब्ब्त का फलसफा लिखा है।

92
यूं दूर जान की बात ना किया करो
हमसे से यूं ना नजरे चुराया करो
अगर है इश्क तुम्हे भी तो बता दो
यूं ना मोहब्ब्त छुपाया करो।

93
मोहब्बत थी तुमसे
तुम्हारी सब बात मान लेता था
तुम अगर कहती थी
दिन को रात मान लेता था।।

94
मेने मेरी हर कहानी मै तुम्हे लिखा है
हर लफ्ज़ मै तुम हो बस
मेने मेरी जिंदगी मै तुम्हे लिखा है।

95
कुछ ना कहा करो हमसे
तुम्हारी झुकी हुई नजरे सब कह दिया करती है
मोहब्ब्त है अब हमे तुमसे
वो ये इजहार कर दिया करती है।

96
जो सपने देखे थे उनको भी पूरा करना है
मुझे तुम्हरे संग हर दम चलना है
तुम मेरा हाथ थाम लेना
हर मुश्किल सफर मै भी अब साथ चलना है।

97
तुम कहती हो मैं तुमसे प्यार नहीं करता
जरा मेरी धड़कनों से पूछना
क्या मैं तुम्हरा नही लेता
गर ना आए फिर भी मेरी मोहब्ब्त पर यकीन
तो तुम अपने दिल से पूछना क्या मैं मोहब्ब्त नही करता।

98
अब जो तुम इस तरह नजरे चुराने लगे हो
लगता है इश्क मैं कुछ छुपाने लगे हो
कोइ बात हैं तो बता दो तुम मुझे
क्या अब किसी और से प्यार जताने लगे हो।

99
ये मोहब्ब्त है जो सिर्फ तुमसे हो सकती है
अगर जिस्म की चाहत होती
तो बाजार में फिर हमारी भी शिरकत होती।

100
जो लोग मोहब्बत को सिर्फ खेल समझते है
वो प्यार करना ही नाही जानते
मोहब्ब्त तो एक तपस्या है
ये उसका फल ही नही जानते।

101
मोहब्बत का गणित कुछ अलग ही होता है
गर चला जाए कोई एक छोड़कर
तो फिर वो सवाल हल नहीं होता है।

102
अब मोहब्बत बढ़ गई है आपसे
कुछ इस कदर सताने लगे हो
हम नही बुलाते है आपको मिलने
फिर भी सपने मै आने लगे हो।

103
पहली नजर देखा था तुम्हे
और प्यार हो गया है
मोहब्ब्त हुई इस कदर
इश्क का भूत सवार हो गया
जब तक नही कर देते इजहार
इस दिल को चैन कहा आएगा,
ए यारो मुझे तो प्यार हो गया।

104
प्यार मै कुछ इस तरह आलम हो गया है
उनसे मिलने को दिल अब मजूबुर हो गया है
आदत लग चुकी हैं उनकी अब
देखो हमे मोहब्ब्त मैं किसी पर ऐतबार हो गया है।

105
अब मैं तुम पर यकीन करने लगा हूं
तुम्हे सोचने और लिखना लगा हूं
मै शायद कुछ नही तुम्हरे लिए
पर तुम्हे अपनी दुनिया मानने लगा हूं।

106
मिल लिया करो हमसे भी
किसी दिन चले जाएंगे
तुम देखती रह जाओगी
हम किसी और के हो जाएंगे।

107
अब बात नही करती को मुझसे
मेरी क्या खता हो गई
मिलने बुलाया था मैं नाही गया
बस एक इतनी सी इल्तजा हो गई।

108
उसकी हर बात मान लेता हूं
खुद से ज्यादा उस पर यकीन कर लेता हूं
उसके सिवा कोई नही है मेरा
ये मैं उसको अब बता दिया करता हूं।

109
तुम भी मेरा ही हिस्सा हो
हर चीज मैं बराबर का हक दूंगा
तुम रहना मेरे पास हमेशा
मै तुम्हे अपना बेशुमार प्यार दूंगा।

110
अब जो कहा है मेने सबको
की तुम्हे जान माना है
तो कैसे कह दू तुम मेरी मोहब्बत नही
जब मेने तुम्हे अपना खुदा माना है।

111
अपना ख्याल रखा करो
तुम्हारे सिवा कोई नही है मेरा
ये तुम याद रखा करो।

112
जिंदगी मै जो अनमोल लोग होते हैं
तुम भी उन्ही मैं से एक लगती हो
मोहब्बत का अधूरा ही सही
पर खुशनुमा एहसास लगती हो।।

113
तुम नही जानती मेने तुम्हे कितना चाहा है
हर दुआ मैं रब से सिर्फ तुम्हे मांगा है
तुम खुश रहो हंसती रहो
मोहब्ब्त मैं बस इतना ही मांगा है।

114
गुस्सा हो जाता हूं तुम पर
पर तुम भी समझा करो
प्यार है तुमसे तभी गुस्सा है
गैर से तो हम सिर्फ नफरत करते है।

115
तुम्हे क्या लगता है
मैं तुमसे बहुत प्यार करता हूं
तो फिर मेरी जां
तुम्हे बहुत सही लगता है।

116
अब कुछ ना कहो हमसे
हमे सब पता है
आंखे कह देती है
मोहब्ब्त मैं कितना नशा है।

117
कॉल पर उससे घंटो तक बाते करना
और फिर उसके साथ बहुत हंसना
ये सुकून के पल बिता रहा हूं
आज तो गजब हो गया
मैं उसके हाथ की चाय पीकर आ रहा हूं।

118
मै तुम्हारी मोहब्बत मै मर नही सकता
क्युकी मुझे तुम्हरे साथ जीने की चाहत है
जो देखे है सपने तुमने
उनको पूरा करने की रब से इबादत है।

119
किसी एक से मोहब्ब्त करना
फिर उसी का होकर रह जाना
कभी ना मिलना उससे
फिर भी उसके बारे मैं सोचना
यही तो मोहब्ब्त है
उसका इजहार ना करना
और झुकी पलको का इशारा समझ जाना।

120
अब तक तुम्हरा हर खत संभाल कर रखा है
मेने तुम्हे अपने दिल मै बसा कर रखा है
कई नजर ना लग जाए दुनियां से
इसलिए सबसे छुपाकर रखा है।

121
उसके साथ बच्चो की तरह बात करना
फिर बच्चा बन जाना
उसको लोरी गाकर प्यार से सुलाना
इश्क मैं सब चलता है सुना था
पर उसके लिए ये सब करना और सुकून पाना।

122
सुकून का नाम जब भी याद आता है
मुझे एक तेरा ही ख्याल आता है
तुम दिल मै बसे रहना मेरे हमदम
तुझे खोने को दिल नही चाहता है।।

123
उसके उठने का इंतजार करना
फिर उसके मैसेज का वेट करना
मै तो नही हूं उसके पास
फिर भी उसे अपने पास महसूस करना।

124
दूर रहकर भी कितने पास है हम
मोहब्ब्त मैं कितना आसपास है हम
जहा लोग करते हैं जिस्म से मोहब्बत
वहा दिलों के कितने पास है हम।

125
तुम्हरा दिया हुआ हर गम सह जाऊंगा
पर छोड़कर जाने की बात मत करना
वरना तुम्हारे बिना कैसे रह पाऊंगा।

126
अब जब तुम पूछ रही हो
तो बता दिया करता हूं
मेरे दोस्त भी तुम्हे भाभी कहते है
और मैं हंसकर मुस्कुरा दिया करता हूं।

127
मोहब्बत भी कितनी अजीब होती है
जो नही मिलता उसी की चाहत होती है
वो कितना भी दर्द दे ले हमे
फिर भी हमे उससे ही मोहब्ब्त होती है।।

128
आजकल का प्यार नही
सदियों का नाता है
एक तुम हमारे हो
वरना हमे कहा कोई भाता है।

129
अब हमने बस तुम्हे इतना चाहा है
जितना किसी चांद ने चकोर को चाहा है
वो जैसे रहता है उसके पास
हमने भी तुम्हे उस कदर ही चाहा है।।

130
अब दूर जाने की बातें ना किया करो
मिलकर बिछड़ने की बाते ना किया करो
साथ साथ रहने है ने हमसफर
यूं दूर जाने की बात ना किया करो।

131
किसी रोज जब मैं तुमसे मिलने आऊंगा
तुम्हरे लिए बहुत सारा वक्त लेकर आऊंगा
हम दोनो बैठेंगे एक दूसरे के पास
मै तुम्हे ढेर सारी बातें सुनाऊंगा।

132
अब क्या बचा है पास हमारे मोहब्ब्त मैं
कुछ नही बचा है इस चाहत है
बस तुम्हारी यादें है दिल मै
वरना तो हमे क्या मिला है इस मोहब्ब्त मैं।

133
अब कुछ इस तरह तुमको चाहने लगे है
तुम ना मिलो हमे कभी भी
फिर भी मोहब्ब्त जताने लगे है
जानता हूं किसी और की हो तुम
फिर भी जान हम मोहब्ब्त निभाने लगे है।

134
मेने हर लफ्ज़ शायरी मै लिख दिया
मोहब्बत को किसी डायरी में लिख दिया
जब पूछा किसी ने इश्क क्या होता है
हमने तुम्हरा नाम लिख दिया।।

135
इस कदर तुमको चाहेंगे
हम तुम्हे कभी भूल नही पाएंगे
तुम हमेशा रहोगी मेरे दिल मै
तुम्हें ख्वाबों मैं बसाएंगे।

136
एक घर बनाऊंगा
तुम्हरे सात कुछ सपने सजाऊंगा
तुम कहना अजी सुनते हो क्या
और मैं फिर थोड़े नखरे करूंगा
और आ जाऊंगा।

137
कुछ इस कदर हावी हो गया है
प्यार था तब तक ठीक था
पर अब ये सर पर चढ़ गया है।

138
जो ना मिल सको वो ख्वाब हो तुम
फिर भी तुम्हे देखना चाहता हूं
हर घड़ी पास रहना तुम
दूर ही सही मगर मोहब्बत करना चहता हूं।

139
अब जो दिल मै बस गए हो
तो निकाल नही सकते
ना है तुम्हे मोहब्ब्त तो ना सही
पर हम तुम्हे कभी भुला नहीं सकते।

140
अब क्या करना है मुझे इस दुनिया में
मै तो बस तुम्हरे लिया जी रहा हूं
तुम्हे हर खुशी मिले
ये दुआ रब से कर रहा हूं।

141
दुनिया क्या क्या सितम दिखा रही है
मोहब्बत करना है हमे तुमसे
पर ये हमे दूर भगा रही है।

142
जो है किस्मत मै वो तो होकर रहेगा
गर मिलना लिखा है हमारा तो ये होकर रहेगा
मोहबब्त तो सच्ची थी हमारी
कुछ तो खुदा भी रहम करेगा।

143
आज फिर तुम्हे लिखने बैठा हूं
अपनी डायरी फिर खोलकर बैठ हु
तुम्हे पढ़ा तो अंदाजा हुआ
मोहब्ब्त तो बहुत है पर छुपाकर बैठा हूं।।

144
कुछ इस तरह आपको चाहने लगे है
मिलने की कोई आस नही है
फिर भी हम मोहब्ब्त जताने लगे है।

145
आज कल कुछ अलग हो रहा है
मोहब्बत का आलम हो रहा है
कुछ नही था मेरे पास कहने को
पर ये सर्द हवाओं मै मोहब्ब्त का मौसम हो रहा है।

146
किसी रोज तुम जब भी आना
अपने साथ बारिश लेते आना
मै तुम्हे देखूंगा और सीने से लगा लूंगा
तुम बस ये शर्म हया छोड़कर आना।।

147
हमारी मोहब्ब्त भी अब बढ़ने लगी है
ये भी शायद जिस्मों मै ढलने लगी है
अलग ही एहसास है उसके पास आने का
जीने की आस अब और भी बढ़ने लगी है।

148
जिस दिन मै प्यार भुला दूंगा
उस दिन शायद मैं खुद को भुला दूंगा
तुम मेरी मोहब्ब्त हो याद रखना
मै तुम्हारे लिए जमाने मै आग लगा दूंगा।।

149
जो तुमसे था वो तुमसे ही रहेगा
ये इश्क किसी और से हो नही सकता
लोग कुछ भी कहे मै नही मानता
मेरा हमसफर दगाबाज हो नही सकता।।

150
कभी कभी मन करता है
तुम्हे सीने से लगा लू
सारी बाते कह दूं जो दिल मै है
प्यार का इजहार कर दू
तुमसे तुम्हरा हाथ मांग लूं।।

151
यह दिल भी तुम्हारा है
यह जान भी तुम्हारी है
मेरी हर सांस भी तुम्हारी है
मेरा अब मेरे पास कुछ नहीं रहा
मेरी मोहब्बत भी अब तुम्हारी है।।

152
कुछ इस तरह तुम अपना ख्याल रखना
तुम मेरी हो यह मेरे बाद भी याद रखना
बेशक तुम ना मिल पाओ मुझे
पर मेरी मोहब्बत को हमेशा दिल में रखना।।

153
मैंने कुछ इस तरह तुम्हें चाहा है
तुम्हें हमेशा रब से दुआओं में मांगा है
तुम्हारी खुशी के लिए मन्नत भी रखी है मैंने
खुद रोते हुए भी तुम्हें हंसाया है।।

154
अपना हमेशा ख्याल रखा करो
तुम्हारे सिवा मेरा कोई नहीं है यह याद रखा करो
तुम्हारे बिना मैं जी नहीं सकता
तुम मेरी धड़कन हो यह एहसास रखा करो।।

155
कभी कभी कुछ अजीब सा लगता है
तेरा हर एहसास मुझे प्यारा लगता है
तुम नहीं हो मेरे पास तो क्या हुआ
तुम्हें यूं तस्वीर में देखना भी अच्छा लगता है।।

156
लोग क्या कहते हैं मुझे फर्क नहीं पड़ता
मैं तुम पर खुद से ज्यादा यकीन किया करता हूं
तुम मेरा भरोसा कभी मत तोड़ना
मैं तुमसे बहुत मोहब्बत क्या करता हूं।।

157
जो लोग मुझे बुरा बताया करते हैं
तुम उनसे दूर रहा करो
जो लोग कहते हैं मेरी मोहब्बत झूठी है
तुम उन्हें हमारे प्यार के किस्से बताया करो।।

158
एक दिन तुम्हारे घर आऊंगा
तुम्हें डोली में बिठाकर ले जाऊंगा
तुम जब आ जाओगी मेरे घर में
मैं तुम्हें किसी ख्वाब की तरह दिल में बसाऊंगा।।

159
तुम्हें देखा तो यकीन हुआ
मुझे भी मोहब्बत पर ऐतबार हुआ
मैं नहीं जानता था प्यार क्या होता है
पर तुम्हें देखा तो उसका एहसास हुआ।।

160
जो किया है बस तुम्हारे लिए किया है
मैंने मोहब्बत में हर दर्द सहा है
तुम मुझे छोड़ कर कभी मत जाना
मैं तुमसे बेपनाह इश्क किया है।।

161
जितना तू मुझे चाहता है मैं भी उतना ही प्यार करती हूं
मुझे कहना नहीं आता पर मैं भी ऐतबार करती हूं
लोग कुछ भी कहे मैं नहीं जानती किसी के बारे में
तुम बस मेरे हो ये हमेशा याद रखती हूं।।

162
तुमसे बार बार मिलना अच्छा लगता है
तुमसे प्यार करना अच्छा लगता है
तुम बस मेरे पास हमेशा रहना
मुझे तुम्हार हर ख्याल अच्छा लगता है।

163
जबसे उसको देखा है
तब से किसी और को देखना अच्छा ही नही लगता
बस मन करता है उसको ही देखूं
उसके बिना मुझे कोई सच्चा ही नही लगता।।

164
ये जुदाई अब सही नही जाती
चलो एक बंधन मैं बंध जाते है
तुम बस मेरे साथ रहना
हम दोनो एक रिश्ते मै बंध जाते है।।

165
तेरे हर ख्वाब को पूरा करना अब मेरा ख्वाब है
तुझ हर खुशी देना अब मेरा सपना है
तू मोहब्ब्त है मेरी
अब मुझे तेरा ख्याल रखना हैं।।

166
लोग जब भी हमारी बात किया करते है
हम दोनो को आशिक बताया करते है
तेरे सिवा कौन है मेरा
वो तुझे मेरी जिंदगी बताया करते है।।

167
अब तुम हमेशा खुश रहना
मैं बस यही दुआ करता हूं
रब से तुम्हारी सलामत रहने की आरजू करता हूं।।

168
कुछ लोग मिल जाते है
हसीन लम्हे दे जाते है
हम कितनी भी भुलाना चाहे उन्हें
पर कभी भूल नही पाते हैं।।

169
मेरी फिक्र ना किया करो
तुम बस अपना खयाल रखो करो
मै तो अच्छा हु खुश हूं
तुम बस अपना ध्यान रखा करो।।

170
कभी मिल जाएंगे हम
कभी तुम्हे चाहंगे हम
तुम रहना हमारे सजदे मै
तुम्हे अपने घर लाएंगे हम।।

171
जब वो हंसकर बात किया करती है
मेरे दिल पर वो राज किया करती है
मै तो कोई नही लगता था उसका
फिर वो क्यूं नजरे झुकाकर बात किया करती है।।

172
इश्क है तुमसे कितना ये बता नही सकते
मोहब्ब्त तुम्हें अपनी दिखा नहीं सकते
तुम बस यकीन रखना मुझ पर
हम तुम्हें इस से ज्यादा कुछ पता नहीं सकते।।

173
अजनबी बनकर मिले थे हम
अब एक दूसरे की जान बन गए हैं
दो दिल कब एक हो गए
हम एक दूसरे की पहचान बन गए है।।

174
तुम ये मत भूल जाना
मेरे प्यार को मत भूल जाना
तुम हो तो मैं हूं
मूझसे किए वादे मत भूल जाना।।

175
उसको तंग करना अच्छा लगता है
उसका गुस्सा भी अच्छा लगता है
वो जब कहती है मुझे डफर
तो उसके मुंह से ये भी अच्छा लगता है।।

176
छोटी छोटी बातो मै रूठ जाती है
मै उसे मनाया करता हूं
वो मेरी मोहब्ब्त है
ये उसे बताया करता हूं।।

177
हर बार मै ही प्यार का इजहार करू
कभी तुम भी तो किया करो
तुम भी करती हो मोहब्बत
तो शब्दो मै बया किया करो।।

178
जब तुम मुझे अपनी जान कहती हो
मुझे बहुत अच्छा लगता है
तुम्हारे लिए जब कुछ करता हु
तो मुझे वो भी बहुत अच्छा लगता है।।

179
इश्क मै पागल हो चुका हु मै
अब मुझे कुछ याद ही नहीं रहता
एक तुम ही रहती हो दिल और दिमाग मै
उसके अलावा कोई सवाल ही नही रहता।।

180
कुछ इस तरह तुमको चाहना है
की बस तुम्हरा हो जाना है
और किसी का ख्याल नही आता अब
मुझे बस तुमसे मोहब्ब्त करते जाना है।।

181
मेने तुम्हे इस तरह प्यार किया था
तुम्हार इंतजार किया था
मोहब्बत मै रोना भी पड़ता है
मेने तुम्हारे लिए सजदा भी किया था।।

182
हर बार तुम्हारी खुशी रब से मांगी है
मेने तुम्हारे लिए उससे इबादत मांगी है
तुम क्या हो मुझे नही पता
पर मेने तुम्हे अपनी जिंदगी मानी है।।

183
जो आज तक किसी के लिए नही किया
वो मेने तेरे लिए किया है
तुम नही होती थी जब पास मेरे
मेने खुद से तेरा ज़िक्र किया है।।

184
अब क्या है कोन है मुझे पता नहीं चलता
तेरे सिवा कोई अपना नहीं लगता
क्या जादू कर दिया तेरे इश्क ने
अब मुझे कुछ अच्छा नही लगता।।

185
मोहब्बत तो बस एक बहाना है
मुझे तो तेरे दिल तक जाना है
तुझे अपने घर लाकर
तेरे संग ब्याह रचाना है।।

186
तुम भी कभी इजहार किया करो
हमसे कभी तो प्यार किया करो
हम रहते है हमेशा तुम्हरे इंतजार मै
तुम भी थोड़ा इंतजार किया करो।।

187
तुम्हे इतना चाहूंगा तुम सबको भूल जाओगी
मेरे सिवा कुछ याद नहीं रहेगा
तुम अपने आप को भी भूल जाओगी।।

188
तुम बारिश से पूछ लेना
तुम्हे कितना चाहा है
उसके साथ साथ मेरी
आंख के आंसू भी बरसे है।।

189
जो कुछ था तुझसे था
तेरे बाद भी तुझे ही रहेगा
तू रहे या ना रहे
पर ये इश्क तुमसे ही रहेगा।।

190
अगर मोहब्बत तुम्हारी जैसी हो
तो मैं भी मोहबब्बत करना चहता हुं
तुम्हारी जुल्फों को अपने हाथो से संवारना चहता हूं।।

191
इन तीखी निगाहों से हमे ना देखा करो
ये हमारा दिल चुरा ले जाती है
तुम कौन हो तुम नही जानती
ये हमारे दिल पर असर कर जाती है।।

192
तुम्हारी खूबसूरती की क्या तारीफ करूं
तुम्हे खुदा ने इतना खूबसूरत बनाया है
चांद भी फीका पड़ जाएं
उस हुसन से नवाजा है तुमको।।

193
किसी रात जब हम मिलेंगे
तो सारी हदें भूल ज्याँगे
इश्क किया है तुमसे
और करते ही जाएंगे।।

194
तेरा सिवा कहा कुछ याद रहता है
हमे किसी का कहा इंतजार रहता है
जब से तुम आई हो जिंदगी मै
हमे कहा होश रहता है।।

195
वो दिन आज भी याद है मुझे
जब मेने तुम्हे पहली बार देखा था
तुम्हारी निगाहों ने क्या असर किया
उसके बाद मैने किसी को नही देखा था।।

196
मेने तुमसे कुछ कहा था
शायद तुमने सुना नही
मोहब्बत थी बताया था तुम्हे
शायद तुमने मेरी आंखो मै देखा नही।।

197
सुन सकती हो तो सुन लेना मेरे दिल की सदा
जो आज भी सिर तुम्हे याद करती है
तुम नही हो मेरे पास
फिर भी तुमसे मोहब्बत करती है।।

198
गुलाब नही दूंगा इश्क मैं
तुम्हे गुलाब की तरह रखूंगा
अगर दर्द हुआ थोड़ा भी
तो अपने प्यार से मरहम दूंगा।।

199
इश्क आसान नहीं होता पता है मुझे
पर मैं तुम्हरा साथ हमेशा दूंगा
तुम जिंदगी हो मेरी
मै तुम्हे कभी अकेला नही छोडूंगा।।

200
आखिर बार जब देखा था तुम्हे
वो दिन अब भी याद है
जब गले मिलकर कहा था तुमने
जल्द ही मिलेंगे वो दिन आज भी याद है।।

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Best Love Shayari for your lover

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तो दोस्तों ये थे बहुत ही अच्छे और रोमांटिक गर्लफ्रेंड के लिए लव शायरी, हम उम्मीद करते है की आपको ये सभी शायरी बहुत पसंद आई होगी. अगर आपको ये पोस्ट अच्छी लगी तो पोस्ट अपनी गर्लफ्रेंड के साथ भी अवश्य शेयर करे या फिर आप उस लड़की के साथ भी शेयर कर सकते हो जिसको आप प्यार करते हो.

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