55+ माँ पर शायरी | Maa Shayari in Hindi

Hello, friends in today’s post we are going to share maa Shayari in Hindi which you will definitely love. There is literally no substitute for a mother and our mother loves us unconditionally.

The relationship between the mother and his child is unbreakable. So friends without wasting any time let’s start this Shayari collection.

Table of Contents:

माँ पर शायरी

Maa Shayari in Hindi

Maa par shayari in hindi

1
मां से दुनिया जन्नत सारी है
मेरी मां का प्यार सब पर भारी ह।।

2
लोगो को जन्नत मिलती है
मुझे मां मिली है
मेरे एहसासों की कश्ती को नाव मिली है।।

3
हर दिन एक सा नहीं होता
कभी खुशियां तो कभी ग़म नहीं होता
पर मां का प्यार कभी कम नहीं होता

4
मां होती है तो मिलती है हर खुशी
आशियाने में कभी अंधेरा नहीं होता
जिंदगी के सफर में मुसीबतें बहुत हैं
पर मा के होने से कभी अकेलापन नहीं होता।।

5
ममता की मूरत उम्मीदों का सवेरा होती है
मां घर का चांद सर का ताज होती है।।

6
जिंदगी की सुबह शाम हो जाए
मेरा यह जीवन मां के नाम हो जाए
रोए वो तो निकले आंसू मेरे
जीवन मेरा तमाम उनके नाम हो जाए।।

7
प्यार से उठाती है मुझे वो
लोरी गाकर सुलाती है मुझे वो
दर्द मुझे हो तो आह उसकी निकले
हर पल प्यार जताती है मुझे वह।।

8
मां के ना होने से
जिंदगी नहीं होती
खुशियां तो होती है
मगर वह बंदगी नहीं होती।।

9
घर रोशन रहता है
उजाला हर और होता है
मां के होने से
घर खुशियों का संसार होता है।।

10
वह मां ही है जो भूखी सो जाती है
सर पर छत ना हो तो धूप में छांव बन जाती है
हर समय रहती है परछाई बनकर
बच्चों को अपने पलकों पर बिठाती है

11
लिखी जो नज़्म तो गजल बन गई
पन्नों पर उतरी तो जिंदगी बन गई
मां के रहने से ए खुदा
तेरी मुझ पर रहमत बन गई।।

12
तेरी उम्मीद पर जी रहा हूं में
तेरे ममता की छांव में पल रहा हूं मै
जो तुम हो तो लगता है हर ग़म फिका
तेरी लिए ही हर ग़म सह रहा हूं मै।।

13
मां का साया हो तो हर तकलीफ रूठ जाती है
खुशियों की झोली भर भर के मेरे घर आती है

14
मैने जन्नत नहीं देखी मां देखी है
मां के रूप मै खुदा की परछाई देखी है
रहती है वो हर पल मेरे आसपास
मैने मेरे घर मै खुशियों की शहनाई देखी है।।

15
मां के प्यार से बढ़कर कोई मोहब्बत नहीं होती
बिना उसके प्यार के इबादत नहीं होती
खुदा कहूं या ईश्वर उसको
उसके बिना मेरी दिन ओर रात नहीं होती।।

16
मां मै तुम्हे भूल नहीं सकता
एहसास जिंदगी के खो नहीं सकता
तुम्हारे बिना कोई हस्ती नहीं मेरी
मै दुनिया मै तुम्हारे बिना रह नही सकता

17
मेरी उम्मीद मेरा चांद भी तुम्हे मिल जाय
रहे हर ग़म तुमसे दूर
मेरी खुशियों का संसार भी तुम्हे मिल जाए।।

18
खुशियां भी रहती है दूर मुझसे
साया भी साथ छोड़ता है
मां नहीं होती है तो
अपना भी साथ छोड़ता है।।

19
मां को बनाकर खुदा को ख्याल आया होगा
खुशियां का वो त्योहार आया होगा
खुशी होगी उसके यहां भी
दीया वहां भी जलाया होगा।।

20
दिल पर पत्थर रख जिया हूं मै
मां के बिना इस दुनिया मै रहा हूं मै
हर घड़ी आया था ख्याल उसका
दिल मै दर्द आंखो मै आंसू लेकर मरा हूं मै।।

21
हर ख्वाइश को पूरा किया है
मेरी मां ने मुझे सब कुछ दिया है।।

22
मां चली गई तो घर सुना हो गया
घर रोशन था जिससे वहां अब अंधेरा हो गया
नहीं रहती वहां अब मां मेरी
मेरी खुशियों का अब सौदा हो गया।।

23
जिंदगी मै ग़म सारे सह गया
मां के ना होने से मै अकेला रह गया।।

24
हर खुशी का वास्ता तुझसे है
मेरे राबता भी तूझसे है
मै रहता हूं हर पल तेरी छांव मै
मेरा रास्ता भी तुझसे है।।

25
हर घड़ी हर पल मां ने मुझे प्यार दिया है
सारे ग़म सहकर मुझे संस्कार दिया है
खुशियों का वो प्यारा से संसार भी मुझे दिया है।।

26
मां के रहने से आबाद रहता है
मेरा छोटा सा घर भी अब बहार रहता है
हर पल बढ़ती है रोनक मेरे घर की
मेरे घर मै अब खुशियों का संसार रहता है।।

27
हर पल उसने मेरे खुशियां चाही है
मां ने मेरे लिए अपनी राते गवाई है
रही है वो ग़म की परछाई मै
उसने हमेशा मेरी खुशियां चाही है।।

28
साथ रहकर कोई साथ नहीं रहा
किसी के मेरे सर पर हाथ ना रहा
मां रहती थी जब हर पल मेरे पास
तो मै कभी उदास ना रहा।।

29
जिंदगी मै हर ग़म भी मैने सहा है
मां के जाने का दर्द भी मुझे रहा है
पर हर पल ममता का एहसास था
मां के ना रहने पर भी मां का हाथ मेरे सर पर था।।

30
सबको ख़ुशी का जहां नहीं मिलता
मां का प्यार नहीं मिलता
कुछ लोग होते है बदनसीब
जिनकी किस्मत मै मां का प्यार नहीं मिलता।।

31
सफर सुहाना हो गया
हर पल आशियाना हो गया
मां ने जब फेरा सर पर हाथ
हर ग़म मुझसे दूर बेगाना हो गया।।

32
कभी खुदा कहता हूं कभी भगवान कहता हूं
मां मेरी मां को अपनी जान कहता हूं
रहता हूं हर पल उनके पास
मै मां को अपनी खुशियों का संसार कहता है।।

33
बेरोजगार हो गया खुदा भी मां को बनाकर
बच्चों अब सारी ख्वाहिशें उससे मांग लेते हैं
नहीं जाता कोई दर पर उसके
वो मां से ठंडी छांव मांग लेते है।।

34
हर खुशी का कोई तोल नहीं होता
मां से बढ़कर किसी का कोई मोल नहीं होता
करो कदर सदा उसकी
उसकी इबादत का कोई मोल नहीं होता

35
खुशियां मांगी तो मां मिल गई
मेरी अधूरी ख्वाहिशों को मंजिल मिल गई
रहता नहीं कोई रहनुमा मेरे पास
मां की ममता की छांव मुझे मिल गई।।

36
सफर चलता रहा जिंदगी का
उम्र बढ़ती गई
एक वो मां ही थी
जिसकी ममता में कोई कमी नहीं रही।।

37
कभी दिन ना हुआ कभी रात ना हुई
जिंदगी की शामों में कभी बरसात नहीं हुई
ना गिरा आंख से आंसू मेरे एक भी
मां की रहमतों की जो बरसात मुझ पर हुई।।

38
मुड़ कर जो देखा मैंने पीछे
कई रिश्ते मुझसे दूर खड़े थे
एक वो मां ही थी
जो मेरा हाथ पकड़े खड़ी थी।।

39
कभी रोया में तो प्यार से गोद में सुला लिया
हर गम से मुझको इस तरह बचा लिया
जिसे रहता है चांद आसमान में
वैसे ही मुझे अपने आंचल में छुपा लिया।।

40
सफर में किसी का साथ नहीं मिला
अपने तो मिले पर किसी का हाथ नहीं मिला
जो मां ने सिखाया था मुझे
उन्हीं रास्तों पर चलकर मुझे जीवन का सार मिला।।

41
कभी भूखी रह लेती कभी गम छुपा लेती
वो मेरी मा ही है जो मेरी खुशियों को बढ़ा देती।।

42
मुझे वैसा प्यार नहीं मिला
निस्वार्थ भाव नहीं मिला
मां के जाने के बाद
मुझे वह खुशियों का संसार नहीं मिला।।

43
यहां दुःख नहीं रहता
खुशियों का वास रहता है
गमो से कहो दो
मेरे पास मां का हंसता हुआ चेहरा रहता है।।

44
मैंने दुनिया की रहमत नहीं देखी
मां से बढ़कर किसी की मोहब्बत नहीं देखी
बहुत रहते हैं लोग उदास यहां
शायद उन्होंने मां की हंसी की झलक नहीं देखी।।

45
गमों का समंदर भी छोटा पड़ता है
मां के आगे हर दुख को झुकना पड़ता है
हर ग़म टूट जाता है उससे लड़कर
मां की मोहब्बत का असर होता है जब सर पर।।

46
मेरी हर खुशी अधूरी रह जाए
मां के बिना मेरी हस्ती ना रह जाए
तकलीफ मुझे ना हो
तो कभी गम उसको भी ना आए।।

47
हर कहानी को किरदार मिल जाता है
मां के बिना सब अधूरा रह जाता है
महबूब चला जाता है साथ छोड़ कर
पर मां का हाथ सर पर रह जाता है।।

48
राही दुनिया में मुझे कोई भी दुश्वारियां नहीं
सरपरस्त जो मेरी मां हो
तो मुझ पर किसी की अहसानियत नहीं।।

49
उम्मीदों की कभी शाम ना हो
सूरज कभी उदास ना हो
चांद सा चेहरा है मेरी मां का
जो कभी उदास ना हो।।

50
दूर शाम परछाई खड़ी है
रात की यह घड़ी है
मां सुना रही है लोरी मुझे
मेरे सोने की उसको खबर है।।

51
बुढ़ापे में उसको लाचार मत छोड़ो
दिया है जिसने जन्म उसको मझधार में मत छोड़ो
रात को उसका हरदम खयाल इतना
मोल ना चुका पाओगे उसके दूध का जितना।।

52
दुनिया में कोई मां से बढ़कर नहीं होता
मोहब्बत सब करते हैं
पर कोई नहीं स्वार्थ नहीं होता
वो मां ही होती है जिसके प्यार में कोई भेदभाव नहीं होता।।

53
बच्चों की खुशी से बढ़कर मां के लिए कुछ नहीं होता
बच्चों के बिना उसका कोई संसार नहीं होता
ममता की छांव में रहती है हमेशा उनको
उनके बिना कोई उसका सहारा नहीं होता।।

54
मां तुम कभी उदास ना होना
रहना खुश हमेशा
कभी दुखी मत होना
तुम्हारी खुश रहने से ही है
मेरी जिंदगी मै रोनक का होना।।

55
वह रहती है वृद्ध आश्रम में
तुम घर में रहते हो
उसके एहसानों का मोल
उसे दर्द देकर सहते हो।।

56
जब जब टूट कर बिखरा हूं
तुमने मुझे संभाला है
हर रात अपने आंचल से
पंखा मेरा झाला है।।

57
दुनिया की हर सुख से बड़ा है
मां का हाथ हर इंसान से बड़ा है
गर्मी में शीतल छांव है
तो बरसात में उसने हमें ढ़का है।।

58
मां ना होती तो संसार ना होता
धरती पर हमें जन्नत का एहसास ना होता।।

59
ईश्वर नहीं रहता है हर पल आसपास
इसीलिए मां का साथ होता है हर वक्त आसपास।।

60
ईश्वर की खूबसूरत रचना कहे
या मां को दिल का एहसास कहे
वह है हमारे पास तो हर और बाहर
कभी ना करते हम उसके सिवा किसी का इंतजार।।

Final Words:

So friends these were the maa Shayari in Hindi, we really hope that you loved all these Shayari. If yes then please give this post 1 like and also share with your friends on Whatsapp and Facebook.

Meanwhile please check out our other posts and you might find them very interesting. Thank you.

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